श्री दुर्गा सप्तशती- देवीमयी

Kathaye ( कथाएँ ) Shri Durga Saptashati - Chandi Patha(श्री दुर्गा सप्तशती - चंडी पाठ)

Durga Saptashati Devimayi – Sanskrit Lyrics

तव च का किल न स्तुतिरम्बिके!सकलशब्दमयी किल ते तनुः।
निखिलमूर्तिषु मे भवदन्वयोमनसिजासु बहिःप्रसरासु च॥

इति विचिन्त्य शिवे! शमिताशिवे!जगति जातमयत्नवशादिदम्।
स्तुतिजपार्चनचिन्तनवर्जिता नखलु काचन कालकलास्ति मे॥

Read More: श्री दुर्गा सप्तशती संपूर्ण पाठ